फेक या नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे करे

Fake Ya Nakli Supplement Ki Pahchan Kaise Kare- जिम करने वाले सभी लोगों का हम स्वागत करते हैं, इस पोस्ट में हम एक बहुत ही गंभीर मुद्दे पर बात करने वाले हैं की फेक या नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे करे. आजकल बॉडी बिल्डिंग सप्लीमेंट्स का बाज़ार बहुत बड़ा हो गया है इसलिए हमें अपनी सलामती के लिए नकली सप्लीमेंट्स की पहचान करने का तरीका पता करना जरूरी है.

जैसे जैसे लोगों का रुझान बॉडी बनाने की तरफ बढ़ा है वैसे वैसे लोगों ने जल्दी से जल्दी बॉडी बनाने के लिए सप्लीमेंट्स का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया है. आज हमारे देश में जिम करने वाले लोगों में से लगभग 65% लोग इनका इस्तेमाल करते हैं. यही कारण है की इनकी डिमांड बढ़ने से फर्जी लोगों को मौका मिल गया है अपने घटिया और नकली सप्लीमेंट्स बाज़ार में उतारने का.

फेक या नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे की जाती है

ये लोग सिर्फ लोगों के साथ धोखा ही नहीं कर रहे हैं बल्कि उनकी जान से खेल रहे हैं. हमें बहुत सी ऐसी खबरे सुनने को मिलती रहती हैं की नकली सप्लीमेंट्स के इस्तेमाल के कारण फलां लड़के या बॉडी बिल्डर की मौत हो गयी. बहुत सारे नए लड़कों को बिलकुल भी नहीं पता होता की नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे करें, बल्कि शुरू में तो उन्हें ये भी नहीं पता होता की कोनसा सप्लीमेंट किसलिए हैं.

बस पैकिंग पर किसी बढ़िया बॉडी बिल्डर की बॉडी देखते ही वो उसे खरीदने के लिए उत्सुक हो जाते हैं. नकली सप्लीमेंट्स ना सिर्फ आपका स्वास्थ्य बिगाड़ सकता है बल्कि आपका पैसा भी बर्बाद होता है. अत: सावधानी बरतना जरूरी है. सप्लीमेंट्स का इस्तेमाल जरूर करें लेकिन पहले ये सीख लें की एक फेक या नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे की जाती है.

नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे करे

चलिए वक़्त को बर्बाद ना करते हुए आपको कुछ ऐसे पॉइंट्स बताते हैं जिनसे आपको पता चल जाएगा की ये सप्लीमेंट असली है या फिर नकली. कोई भी सप्लीमेंट खरीदने से पहले आप इन पॉइंट्स को अपने दिमाग में जरूर रखियेगा और पहले पता कीजियेगा की आप जो सप्लीमेंट खरीद रहे हैं वो इन पॉइंट्स पर खरा उतरता है या नहीं.

नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे करे जानिये

(1) सबसे पहले पैक पर टाइप किये हुए इंग्लिश वर्ड्स को ध्यान से देखें– जब भी आप कोई सप्लीमेंट ख़रीदे, आप पैक पर जो इंग्लिश में जानकारी दी हुयी है उसको ध्यान से देखें. अगर आपको कहीं भी किसी भी इंग्लिश वर्ड की स्पेल्लिंग गलत नज़र आती है तो बिना कुछ सोचे उसको वापिस कर दीजिये, जी हाँ वो सप्लीमेंट नकली है.

इसका कारण ये है की ज्यादातर बॉडी बिल्डिंग सप्लीमेंट्स की कंपनियां विदेशी हैं और उनके द्वारा पैक पर दी गयी जानकारी या स्पेल्लिंग कभी गलत नहीं होती. हमारे भारत में जो लोग ये गोरखधंधा करते हैं वो ज्यादा पढ़े लिखे नहीं होते और कोई न कोई स्पेल्लिंग मिस्टेक जरूर कर देते हैं.

(2) सप्लीमेंट का बिल मांगकर देखें– अगर आपने कोई भी सप्लीमेंट ख़रीदा है तो आप दुकानदार से उसका बिल बनाने के लिए कहें. ध्यान रखिये ये बात 100% सच है की जो भी दुकानदार नकली सप्लीमेंट्स का धंधा करता है वो आपको बिल कभी भी बनाकर नहीं देगा. उसे हमेशा इस बात का डर रहता है की अगर इसको खाने से उसको कुछ हो गया तो उसकी खैर नहीं.

इसलिए कभी भी दुकानदार की चिकनी चुपड़ी बातों में ना आयें. बहुत से दुकानदार हैं जो शायद आपसे कहें की क्या यार भाई आपको हम पर भरोसा नहीं है क्या. या फिर हम कहीं कोई भागे थोड़े ही जा रहे हैं. आप अपनी बात पर अडिग रहें और बिल लें. नहीं तो सप्लीमेंट वापिस करदें. ये सबसे आसान तरीका है नकली सप्लीमेंट की पहचान करने का.

(3) सप्लीमेंट पैक पर ध्यान दें– अगर आप भी कशमकश में हैं की फेक या नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे करे तो इस छोटी सी बात पर ध्यान दें. जभी भी सप्लीमेंट खरीदें उस पैक को गौर से देखें. अगर आपको लगता है की पैकिंग में कहीं भी कोई कमी है, मतलब पैकिंग सही तरीके से नहीं की गयी है तो आप समझ जाइए की सप्लीमेंट नकली है.

क्योंकि जितनी भी सप्लीमेंट्स तैयार करने वाली ब्रांडेड कम्पनीज हैं उनकी पैकिंग बिलकुल सटीक होती है. उनका अपना एक प्रोफेशनल स्टाफ होता है इस काम के लिए. वो बिलकुल पेशेवर तरीके से पैकिंग को अंजाम देते हैं. लेकिन गोरखधंधा करने वाले लोग इस चीज़ पर किसी प्रकार का ध्यान नहीं देते.

(4) कंपनी का होलोग्राम जरूर चेक करें– जब भी आप कोई सप्लीमेंट खरीदें तो कंपनी का होलोग्राम जरूर चेक करलें. बहुत से नकली प्रोडक्ट मार्किट में ऐसे बिक रहे हैं जिनके पैक पर होलोग्राम नाम की कोई चीज़ नहीं होती. तो अगर आपको भी ऐसा सप्लीमेंट थमाया गया है जिस पर होलोग्राम नहीं है तो तुरंत ही उसको वापिस कर दें.

(5) सप्लीमेंट पर M.R.P को जरूर नोटिस करें– किसी भी कंपनी का कोई भी सप्लीमेंट खरीदने से पहले उसका M.R.P आप नेट पर चेक करें. उसके बाद जब आप उसको किसी शॉप पर खरीदने जाएँ तो उस पैक पर भी M.R.P चेक करें. अगर आपको उस पर अलग M.R.P लिखा हुआ मिलता है तो समझ जाइए ये वाला सप्लीमेंट फेक है.

(6) लैब में टेस्ट करवा सकते हैं– अगर आपने कोई महंगा सप्लीमेंट ख़रीदा है तो आप दुकानदार से कहिये की आप उसका लैब टेस्ट करवाएंगे और अगर वो फेक निकला तो आपको पेमेंट वापिस करनी होगी. आप सप्लीमेंट को लैब में टेस्ट करवाइए, सारी सच्चाई सामने आ जाएगी और आपकी हेल्थ को कोई भी नुकसान नहीं होगा.

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(7) पानी में मिलाकर चेक कीजिये– फेक या नकली सप्लीमेंट पता करने का एक आसान तरीका ये भी है की आप उसको पानी में मिलाकर देखें. अगर वो आसानी से पानी में घुल रहा है तो वो सप्लीमेंट असली है, लेकिन अगर बहुत देर तक घोलते रहने से भी वो पानी में नहीं घुलता है तो समझ जाइए कुछ न कुछ गड़बड़ है.

तो ये थे नकली सप्लीमेंट की पहचान करने के कुछ तरीके, जिनके जरिये आप पता लगा सकते हो की असल में ये सप्लीमेंट असली है या फिर नकली. दोस्तों एक बात आपको हम साफ़ साफ़ बता देना चाहते हैं की किसी भी प्रकार का सप्लीमेंट इस्तेमाल करने से पहले उसकी विश्वसनीयता को जरूर जांचे. अगर गलती से भी आपने कोई गलत सप्लीमेंट इस्तेमाल कर लिया तो उसके नुकसान बहुत बड़े हो सकते हैं.

तो दोस्तों ये थी हमारी पोस्ट फेक या नकली सप्लीमेंट की पहचान कैसे करे. पोस्ट आपको कैसी लगी हमें comment करके जरूर बताएं और पोस्ट को Like व Share करना बिलकुल ना भूलें. धन्यवाद.

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